Translate

DNA क्या होता है और इसके कार्य क्या हैं? : DNA की खोज, टेस्ट : DNA Full Form in Hindi

वैसे आपने DNA के बारे में जरूर सुना होगा, क्योंकि अक्सर इसका जिक्र News paper, T.V., फिल्मों, YouTube वगैरह पर सुनने को मिल जाता है,  

इसलिए आज हम बात करेंगे कि DNA क्या होता है यह कैसे काम करता है आदि।

DNA क्या है- DNA जीवो की कोशिका के केंद्रक में उपस्थित एक जैविक अनुवांशिक पदार्थ है जो वंशानुगत गुणों को एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी में ले जाने के लिए जिम्मेदार है|






जैसा कि हम जानते हैं कि हमारा शरीर Cells से मिलकर बना होता है यानी कोशिकाओं से मिलकर और हमारे शरीर की हर कोशिका में DNA पाया जाता है लेकिन RBC में डीएनए नहीं पाया जाता| 

इस DNA द्वारा ही हमारी पहचान होती है और यह हमारे लिए इतना महत्वपूर्ण इसलिए होता है क्योंकि इसमें हमारे विकास, Reproduction व कार्य के लिए निर्देश होते हैं।

अधिकांश DNA Nuclear में पाए जाते हैं जिसे Nuclear DNA कहा जाता है और डीएनए का एक छोटा भाग माइटोकांड्रिया में भी पाया जाता है |

केंद्रक, कोशिका के केंद्र में पाया जाता है इसलिए इसे केंद्रक कहते हैं और इसमें 2 चीजें पाई जाती है -

1. DNA 

2. RNA

DNA ka Full Form in Hindi :- DNA का पूरा नाम Dioxyribo Nucleic Acid ( डीऑक्सीराइबो न्यूक्लिक अम्ल होता है|

DNA क्या होता है और इसके कार्य  क्या हैं? : DNA की खोज, टेस्ट : DNA Full Form in Hindi


DNA की संरचना-  

DNA - Adenine(A), Guanine(G), Cytosine(C), Thymine(T) से मिलकर बना होता है।

इंसानी DNA में लगभग 300 करोड़ bases होते हैं और इन basis में से लगभग 99% से ज्यादा bases सभी लोगों में एक जैसे होते हैं और इनका प्रयोग एक जीव के बनाने और रखरखाव के लिए उपलब्ध जानकारी को निर्धारित करने में होता है |

यह वैसा ही होता है जैसे कि किसी वाक्य का को पूरा करने के लिए Alpha bate होते हैं।

यह विशेष एक इकाई बनाने के लिए दूसरे के साथ जोड़ा तैयार करते हैं जिसे base Pairs कहते हैं जैसे Adenine Thymine के साथ जोड़ा बनाता है।

हर एक base Sugar Molecule और phosphate से जुड़ा होता है और जब एक base Sugar और Phosphate आपस में मिलते हैं तो उसे Nucleotide कहा जाता है।

DNA 1 लम्बी जंजीर दिखने वाला अणु होता है जो जीव की आनुवंशिक विशेषताओं को इनकोड करता है| 

यह हैरान करने वाली बात है कि हमारे शरीर में सभी डीएनए को जोड़कर लंबा किया जाए तो इनकी लंबाई बहुत ज्यादा हो सकती है।

जीन हेरिडेटियल  मटेरियल होता है, जो Cell न्यूक्लियस में पाया जाता है और यह जीन DAN के बने होते हैं।

DNA एक घुमावदार सीढ़ीनुमा आकृति बनाता है और इसे डबल helix कहा जाता है DNA अपने Structure जैसी कॉपी बना सकता है यानी अपने जैसा नया DNA बना सकता है और यह प्रक्रिया Cell division के लिए जरूरी भी होती है और डीएनए द्वारा जब नया डीएनए बनाया जाता है तो उसी तरह का होता है, 

लेकिन कभी-कभी नया बना हुआ डीएनए पूरी तरह समान नहीं होता है तो यह बॉडी में Harmful Mutation भी पैदा कर सकता है।

DNA शरीर की सारी जानकारी इकट्ठा करके रखता है, 1 ग्राम DNA 700 Terabytes की जानकारी स्टोर कर सकता है।

DNA क्या काम करता है ?:-  हमारी लंबाई कितनी होगी, हमारी आंखों का कलर कैसे होगा, हमारे बाल कैसे होंगे आदि यह सब इस बात पर निर्भर करता है कि हमारे Cell के अंदर मौजूद जीन है, 

जो हमने अपने माता-पिता से आनुवांशिक रूप से पाए हैं वह कौन से Sequence में है|

यदि DNA Transcription के द्वारा RNA को बनाता है और यही RNA Translation के द्वारा अमीनो एसिड प्रोटीन को बनाता है, 

यही प्रोटीन पूरे शरीर में घूम-घूम कर हमारे कार्य को करते हैं, यही इम्यूनिटी में काम करते हैं, यही एंजाइम होते हैं इसलिए हमारे शरीर के लिए डीएनए बहुत महत्वपूर्ण हो जाता है|  

इसलिए आज हम इसके बारे में पूरी जानकारी दे रहे हैं:-

DNA कैसे काम करता है? :- जब हम अपने Cell के अंदर जाएंगे तो हमारे सेल के अंदर Nucleus होता है इसी Nucleus के अंदर ही हमारा DNA उलझे हुए धागों की तरह होता है, जिसे Chromatin कहते हैं|

DNA Chromatin के अंदर ही होता है इसके अलावा DNA हमारे माइटोकांड्रिया के अंदर भी पाया जाता है, जब हम Nucleus के अंदर जाएंगे तो हम पाएंगे कि Nucleus प्रोटीन के रूप में डीएनए के अंदर ही इकट्ठे किए हुए हैं 

और जब हम इस डीएनए को खींच कर देखेंगे तो पाएंगे कि DNA एक डबल helix के रूप में सीढ़ीनुमा रूप में बना हुआ है।

जैसे मान लेते हैं कि DNA घरों में बनी हुई "बांस की सीढ़ी' की तरह है और सीढ़ी के दोनों तरफ का बांस DNA का Stand है और DNA का यह Stand बना होता है Phosphate और Sugar से|

इसलिए इसे Sugar Phosphate backbone कहा जाता है और सीढ़ी में जो डंडे लगे होते हैं ऊपर चढ़ने के लिए, 

वह Nitrogenous base के बने होते हैं इसलिए हम कह सकते हैं कि DNA तीन तत्व( Phosphate, Pentose Sugar, Nitrogenous base) से मिलकर बना होता है।

Nitrogenous base दो प्रकार का होता है:

1. Purin

2. Pyrimidine

Purin में दो मॉलिक्यूल(Adenine, Guanine) पाए जाते हैं व Pyrimidine में भी 2 Molecule(Thymine, Cytosine) पाए जाते हैं।

जब Nitrogenous bases और Sugar आपस में मिल जाते हैं तो इसे Nucleoside कहते हैं और जब यह Nucleoside Phosphate से जुड़ जाते हैं तो तो यह Nucleoside Molecule बनाता है|

और जब यही Nucleoside के 13 या उससे ज्यादा मॉलिक्यूल आपस में bond से जुड़ जाते हैं तो इससे DNA का निर्माण होता है।

Nitrogenous base का एक Special Sequence होता है यानी Nitrogenous bases एक Nitrogenous base के साथ ही जुड़ पाता है, 

जैसे-  Adenine केवल Thymine के साथ जुड़ेगा, Guanine Cytosine के साथ जुडगा और यही Nitrogenous base की उपस्थिति Phosphate Sugar backbone के ऊपर तय करती है कि किसी Specified Code को बनाने वाले जीन कैसे होंगे।

जीन DNA के ऊपर Nitrogenous base का कुछ ऐसा Sequence होता है जो कोई Specified प्रोटीन को बना सकता है और यही Specified प्रोटीन पूरे शरीर में जाकर काम करते हैं | 

DNA के ऊपर कुछ ऐसे भाग भी होते हैं जो किसी भी प्रकार के प्रोटीन को synthesis नहीं कर पाते इन्हें In trons कहते हैं।

DNA का मुख्य कार्य हमारे शरीर में प्रोटीन को Synthesis करना होता है और यही प्रोटीन हमारे शरीर भर में सारे कार्य करते हैं| 

सबसे पहले Nucleus के अंदर मौजूद DNA को RNA Polymerase नाम का एंजाइम DNA की Coding की सहायता से Messenger RNA का निर्माण करता है, 

इस प्रोसेस को Transcription कहा जाता है और यह RNA Polymer Enzyme DNA पर मौजूद Nitrogenous base को पढ़कर उन्हीं के अनुसार basis को जोड़कर RNA Messenger का निर्माण करते हैं।

जब यही m-RNA Nucleus से बाहर निकलते हैं तो राइबोसोम के दो Sub Unite, इन्हीं m RNA के ऊपर और नीचे की ओर से इसे ढक लेते हैं और इसे पढ़ना शुरू कर लेते हैं।

Cell के Cytoplasm मैं मौजूद अमीनो एसिड जो भोजन के पचने के बाद हमें मिला है और अब Transfer RNA की सहायता से राइबोजोम द्वारा Read होने लगते हैं और एक निश्चित Arrangement में व्यवस्थित होने लगते हैं, जिसे Translation का Process कहा जाता है।

जब अमीनो एसिड एक निश्चित अरेंजमेंट में व्यवस्थित हो जाए तो यह एक स्पेशल किस्म के प्रोटीन को बना लेते हैं और यही प्रोटीन हमारे शरीर की त्वचा को कलर दे सकता है, यही प्रोटीन एंजाइम बनाते हैं, यही प्रोटीन हार्मोन बना सकता है 

यानी जैसी शरीर की सेल होती है वैसा ही प्रोटीन का Synthesis होता है और पूरा शरीर इन्हीं प्रोटीन के आधार पर कार्य कर पाता है।


DNA क्या होता है और इसके कार्य  क्या हैं? : DNA की खोज, टेस्ट : DNA Full Form in Hindi


DNA की खोज किसने की :  DNA को सबसे पहले Friendrich Miescher ने 1869 में Observe किया, 

लेकिन काफी लंबे समय तक खोजकर्ताओं ने इस ओर ध्यान नहीं दिया तथा जब 1953 में 

James Watson, 

Francis Crick, 

Maurice Wilkins 

और Rosalind Franklin ने डीएनए को डबल helix संरचना में खोजा, तो फिर यह समझा जाने लगा कि यह DNA बायोलॉजिकल सूचना ला सकता है| 

इसलिए 1962 में James Watson, Francis Crick, Maurice Wilkins को चिकित्सा के क्षेत्र में नोबेल पुरस्कार मिला|

DNA के मॉडल को Watson, Crick मॉडल के नाम से भी जाना जाता है

DNA का मुख्य कार्य क्या है:-  DNA Replication, Transcription और Genetice Information को ट्रांसफर करने आदि महत्वपूर्ण काम करता है |

Replication DNA  नकल करने की प्रक्रिया है जिसमें डीएनए अपनी नकल करके अपने जैसा दूसरा DNA बना लेता है, ऐसा होने से शरीर में क्रोमोसोम की संख्या कंट्रोल में रहती है और Cell division भी प्रेरित होता है।

Transcription के द्वारा DNA हमारे शरीर में मौजूद m-RNA का निर्माण करता है |

Genetic Information को एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी में ट्रांसफर करना भी DNA का बहुत महत्वपूर्ण कार्य होता है।

DNA टेस्ट क्या है और यह कैसे होता है :- हर व्यक्ति के डीएनए में उसके अनुवांशिक गुणों की जानकारी होती है, 

DAN या जेनेटिक टेस्ट किसी Genetic disorder का पता लगाने, Genetic Mutation का पता लगाने के लिए किया जाता है।

DNA test से बच्चे के माता पिता का पता लगाने(क्योकि बच्चे में दोनों के जीन होते हैं), अनुवांशिक बीमारी का पता लगाने, किसी अपराधी को पकड़ने, DNA एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी में ट्रांसफर होता है, DNA की मदद से बालों का रंग आदि कार्य किए जा सकते हैं।

DNA द्वारा प्रेगनेंसी के दौरान बच्चे का जेनेटिक डिसऑर्डर का पता लगाया जा सकता है, 

बच्चा किसका है कैसे जाने ? : - DNA का टेस्ट व्यक्ति के खून, त्वचा, मूत्र, बाल, गाल आदि की मदद से किया जा सकता है, फिर इन सैंपल को मान्यता प्राप्त प्रयोगशालाओं में भेजा जाता है, 

जहां पर इन सैंपल की जांच होती है और 15 - 20 दिन में इन सैंपल की रिपोर्ट दी जाती है |

वर्तमान में 1200 से ज्यादा तरह की DNA की जांच उपलब्ध है| 

DNA एक जेनेटिक मैटेरियल है जो व्यक्ति की हर कोशिका में मौजूद होता है, एक बच्चा अपने जेनेटिक मैटेरियल का आधा अपनी माता से, आधा अपने पिता से प्राप्त करता है।

DNA के प्रकार :- DNA दो प्रकार के होते हैं- 

  1. Autosomal DNA 
  2. Mitochondrial DNA.


RNA क्या है, और कार्य व संरचना के बारे में पूर्ण जानकारी के लिए click here 

DNA के बारे में जानकारी(FAQs):

Q. डीएनए का मुख्य कार्य क्या है?

A. DNA Replication, Transcription और Genetice Information को ट्रांसफर करने आदि महत्वपूर्ण काम करता है |

Q. डीएनए किस चीज से बनता है?

A. DNA Replication, Transcription और Genetice Information को ट्रांसफर करने आदि महत्वपूर्ण काम करता है |

Q. डीएनए की रिपोर्ट कितने दिन में आती है?

A. DNA का टेस्ट व्यक्ति के खून, त्वचा, मूत्र, बाल, गाल आदि की मदद से किया जा सकता है, फिर इन सैंपल को मान्यता प्राप्त प्रयोगशालाओं में भेजा जाता है, 

जहां पर इन सैंपल की जांच होती है और 15 - 20 दिन में इन सैंपल की रिपोर्ट दी जाती है |

Q. DNA का वैज्ञानिक नाम क्या है?

A. DNA का वैज्ञानिक नाम Dioxyribo Nucleic Acid है | 

Q. डीएनए में कौन सा प्रोटीन पाया जाता है

A. जब हम अपने Cell के अंदर जाएंगे तो हमारे सेल के अंदर Nucleus होता है इसी Nucleus के अंदर ही हमारा DNA उलझे हुए धागों की तरह होता है, जिसे Chromatin कहते हैं|

DNA Chromatin के अंदर ही होता है इसके अलावा DNA हमारे माइटोकांड्रिया के अंदर भी पाया जाता है, जब हम Nucleus के अंदर जाएंगे तो हम पाएंगे कि Nucleus प्रोटीन के रूप में डीएनए के अंदर ही इकट्ठे किए हुए हैं | 

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ